सांस्कृतिक शहर वडोदरा के मांडवी इलाके में स्थित दल पटेल पोल से एक बेहद दुखद और चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां रहने वाले एक ही परिवार के तीन सदस्यों ने सामूहिक आत्महत्या कर ली, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई है। 47 वर्षीय आरतीबेन सोनी ने अपने 24 वर्षीय बेटे नीलकंठ और 22 वर्षीय बेटी जेनी सोनी के साथ यह चरम कदम उठाकर अपनी जान दे दी।

वह परिवार उच्च शिक्षित और संपन्न था।
मृतक की बेटी जेनी सोनी ने हाल ही में आयुर्वेदिक डॉक्टर की उपाधि प्राप्त की थी और ओल्ड पादरा रोड पर अपना क्लिनिक चला रही थीं। वहीं उनके बेटे नीलकंठ ने दो साल पहले कनाडा से अपनी पढ़ाई/काम पूरा करके वापसी की थी। पड़ोसियों और रिश्तेदारों के अनुसार, परिवार आर्थिक रूप से बहुत खुशहाल और समृद्ध था।

पति की मृत्यु के बाद उन्होंने एक नया व्यवसाय शुरू किया।
लगभग एक वर्ष पूर्व, परिवार के एक प्रमुख सदस्य और सोनी काम और सोने की चूड़ियाँ बनाने के व्यवसाय से जुड़े चेतन सोनी का हृदयाघात से निधन हो गया। उनके निधन के बाद, परिवार ने सोनी काम बंद कर दिया और स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में सक्रिय हो गया। उन्होंने जारोड के पास 'जेडएसईपीएस फार्मास्युटिकल फैक्ट्री' शुरू की और दवाइयों का निर्माण शुरू किया, साथ ही ओल्ड पादरा रोड पर 'जेडएसईपीएस हेल्थकेयर' क्लिनिक भी चलाया।

आर्थिक चिंताओं से मुक्त होने के बावजूद, वे चिंता में जी रहे थे।
आरतीबेन के व्यापारिक साझेदार केतन शाह और रिश्तेदार सीमाबेन सोनी के अनुसार, परिवार को कभी आर्थिक परेशानी नहीं हुई थी। हालांकि, पति चेतनभाई की अचानक मृत्यु के बाद आरतीबेन लगातार चिंतित रहती थीं और लोगों से उनका मेलजोल कम हो गया था। पूरी घटना तब सामने आई जब घर की नौकरानी ने अपने पास मौजूद दूसरी चाबी से दरवाजा खोला।
पड़ोसियों ने कहा कि उन्होंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था कि मुस्कुराता हुआ परिवार अचानक इतना बड़ा कदम उठा लेगा। घटना की सूचना मिलते ही उच्च पदस्थ पुलिस अधिकारियों का एक दल मौके पर पहुंचा और तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए ले गया। आत्महत्या के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए आगे की कानूनी जांच जारी है।






